दफनाने के बाद दोबारा निकाली गई अजय बर्मन की लाश, पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज
अनूपपुर।
कोतमा नगर के वार्ड क्रमांक 1 में एक बेहद संवेदनशील और संदेहास्पद मामला सामने आया है, जिसने पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना दिया है। वार्ड निवासी अजय बर्मन की मृत्यु के बाद उनके शव को कथित रूप से लावारिस मानते हुए बिना परिजनों की उपस्थिति में जल्दबाजी में दफना दिया गया था।
मामले ने उस समय नया मोड़ ले लिया जब मृतक के परिजनों को घटना की जानकारी मिली। परिजनों ने शव के अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाते हुए प्रशासन से निष्पक्ष जांच की मांग की तथा मौत के पीछे साजिश और हत्या की आशंका जताई।
परिजनों की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए प्रशासन और पुलिस विभाग तत्काल सक्रिय हुआ। वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में दफनाए गए शव को पुनः जमीन से बाहर निकाला गया। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया और पंचनामा तैयार करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार अजय बर्मन किसी पुराने विवाद के चलते गंभीर रूप से घायल हुए थे, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उपचार के दौरान दो दिनों के भीतर उनकी मृत्यु हो गई। इसके बाद जिस तरह से शव को दफनाया गया, उससे कई सवाल खड़े हो गए हैं और मामला संदेह के घेरे में आ गया है।
फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है। प्रशासन को पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है, जिसके दो से तीन दिनों में आने की संभावना जताई जा रही है। माना जा रहा है कि रिपोर्ट आने के बाद यह स्पष्ट हो सकेगा कि अजय बर्मन की मौत सामान्य परिस्थितियों में हुई या इसके पीछे किसी आपराधिक साजिश की भूमिका रही है।
पुलिस का कहना है कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पूरे मामले पर क्षेत्रवासियों की नजर बनी हुई है और सभी को जांच के निष्कर्ष का इंतजार है।





