नौरोजाबाद बस स्टैंड का प्रतीक्षालय बना शोपीस, यात्रियों को बुनियादी सुविधाओं का अभाव
नौरोजाबाद (उमरिया)। नगर के मुख्य बस स्टैंड पर यात्रियों की सुविधा के लिए लाखों रुपये की लागत से बनाया गया प्रतीक्षालय आज अपनी बदहाली और प्रशासनिक अनदेखी की वजह से सवालों के घेरे में है। जिस उद्देश्य से इसे विकसित किया गया था, वह पूरा होता नजर नहीं आ रहा है, क्योंकि यहां यात्रियों के लिए आवश्यक बुनियादी सुविधाओं का गंभीर अभाव है।
स्थानीय लोगों और यात्रियों के अनुसार, प्रतीक्षालय का निर्माण तो कर दिया गया है, लेकिन इसके अंदर बैठने के लिए कुर्सियां या बेंच तक पर्याप्त संख्या में नहीं लगाई गई हैं। परिणामस्वरूप, बस का इंतजार कर रहे यात्रियों को या तो जमीन पर बैठना पड़ता है या फिर आसपास की दुकानों में शरण लेकर समय बिताना पड़ता है।
चिलचिलाती धूप और बारिश के मौसम में यह स्थिति और भी विकट हो जाती है। बुजुर्गों, महिलाओं और छोटे बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानी का सामना करना पड़ता है, क्योंकि उन्हें लंबे समय तक खड़े रहकर बसों का इंतजार करना पड़ता है। प्रतीक्षालय का ढांचा भी यात्रियों के अनुकूल नहीं है। इसकी ऊंचाई अधिक होने के कारण धूप सीधे अंदर तक पहुंचती है, जिससे यह जगह राहत देने के बजाय असुविधा का कारण बन जाती है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि निर्माण कार्य पर लाखों रुपये खर्च किए गए, लेकिन योजना में यात्रियों की मूल जरूरतों जैसे पर्याप्त बैठने की व्यवस्था, छाया, पेयजल और स्वच्छता सुविधाओं को नजरअंदाज कर दिया गया। इस लापरवाही के कारण प्रतीक्षालय केवल एक ढांचा बनकर रह गया है, जिसका वास्तविक उपयोग यात्रियों के लिए लगभग न के बराबर है।
बस स्टैंड पर रोजाना आने-जाने वाले यात्रियों का कहना है कि प्रशासन यदि समय रहते ध्यान देता तो यह स्थिति नहीं बनती। वर्तमान में यह प्रतीक्षालय सुविधा देने के बजाय लोगों के लिए परेशानी का कारण बन गया है, जिससे नगर परिषद और जिम्मेदार विभाग की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।





