कपिल धारा योजना पर सवाल: हवेली पंचायत में अधूरा कूप, पानी संकट से जूझ रहे रहवासी
अनूपपुर।
पुष्पराजगढ़ जनपद पंचायत अंतर्गत हवेली ग्राम पंचायत में ‘कपिल धारा कूप’ निर्माण कार्य अधूरा पड़ा होने से ग्रामीणों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। सरकार द्वारा इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्थायी जल स्रोत विकसित करना, किसानों को सिंचाई सुविधा प्रदान करना, पेयजल संकट को दूर करना तथा जल संरक्षण को बढ़ावा देना है, लेकिन हवेली पंचायत में इसकी जमीनी सच्चाई इससे बिल्कुल अलग नजर आ रही है। यहां कूप निर्माण अधूरा छोड़ दिया गया है, जिससे न तो ग्रामीणों को पानी की सुविधा मिल पा रही है और न ही योजना का लाभ उन्हें प्राप्त हो रहा है।
अधूरे पड़े कुएं में पानी भरा होने से यह अब खतरे का कारण बन गया है। गांव के बच्चे और मवेशी प्रतिदिन इसके आसपास से गुजरते हैं, जिससे किसी भी समय हादसा होने की आशंका बनी हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि निर्माण कार्य समय पर पूरा कर लिया जाता, तो आज यह कूप गांव के लिए उपयोगी साबित होता, लेकिन लापरवाही के कारण यह परेशानी और जोखिम दोनों का कारण बन गया है।
इस मामले में स्थानीय लोगों ने सरपंच और सचिव पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि निर्माण कार्य तो किया गया और बाद में इसे अधूरा छोड़ दिया गया। ग्रामीणों के अनुसार, जिम्मेदारों ने अब तक इसे पूरा कराने के लिए कोई ठोस पहल नहीं की है, जिससे पंचायत की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि अधूरे कूप निर्माण कार्य को शीघ्र पूरा कराया जाए, पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जाए तथा अन्य अधूरे विकास कार्यों की भी समीक्षा की जाए। उनका कहना है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो वे आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। यह मामला न केवल एक अधूरे निर्माण कार्य का है, बल्कि ग्रामीण विकास योजनाओं के क्रियान्वयन और पारदर्शिता पर भी गंभीर प्रश्नचिह्न लगाता है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस दिशा में क्या कदम उठाता है और ग्रामीणों को कब तक राहत मिल पाती है।





