पंजाब में ‘ड्रग एवं सोशियो-इकोनॉमिक सेंसस’ का बिगुल: 
-एन्यूमरेटर्स को मिलेगा ₹62,500 तक मानदेय, -एडीसी मल्होत्रा ने की आवेदन की अपील—-
फरीदकोट, 30 मार्च (अलेक्जेंडर डिसूजा):
पंजाब सरकार राज्य से नशा खत्म करने और लोगों के जीवन स्तर को सुधारने के लिए एक निर्णायक कदम उठाने जा रही है। जिला फरीदकोट में ‘ड्रग और सोशियो-इकोनॉमिक सेंसस’ (नशा और सामाजिक-आर्थिक जनगणना) की तैयारियां तेज हो गई हैं। एडिशनल डिप्टी कमिश्नर (डेवलपमेंट) श्री संदीप मल्होत्रा ने जिले के योग्य सरकारी कर्मचारियों से इस मुहिम का हिस्सा बनने और एन्यूमरेटर (गणक) के तौर पर आवेदन करने की अपील की है।
सर्वे का मुख्य उद्देश्य और तकनीक:
एडीसी मल्होत्रा ने बताया कि इस जनगणना का प्राथमिक लक्ष्य जमीनी हकीकत को समझना है।
उन्होंने स्पष्ट किया:
सटीक डेटा: नशाखोरी की वर्तमान स्थिति और लोगों की आर्थिक जरूरतों का डेटा एकत्रित किया जाएगा।
डिजिटल सर्वे: सारा काम मैनुअल कागजी कार्रवाई के बजाय सरकार द्वारा जारी स्पेशल मोबाइल एप्लीकेशन के जरिए डिजिटल रूप में होगा।
नीति निर्धारण: इसी डेटा के आधार पर सरकार भविष्य की कल्याणकारी योजनाएं और नशा विरोधी नीतियां तैयार करेगी।
भर्ती से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी:
समय सीमा और लक्ष्य
यह अभियान 5 अप्रैल 2026 से आधिकारिक रूप से शुरू होगा। प्रशासन ने इसे 45 दिनों के भीतर पूरा करने का कड़ा लक्ष्य रखा है। श्री मल्होत्रा ने जोर देकर कहा कि यह केवल एक ड्यूटी नहीं, बल्कि समाज सुधार का एक बड़ा अवसर है।
विवरण, पात्रता एवं शर्तें:
पात्रता: पंजाब सरकार के रेगुलर या कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी।
शैक्षणिक योग्यता: कम से कम ग्रेजुएशन की डिग्री या डिप्लोमा।
कार्यभार: प्रत्येक एन्यूमरेटर को लगभग 250 घरों का सर्वे करना होगा।
मानदेय (Honorarium): ₹250 प्रति घर (कुल ₹62,500 तक की कमाई का मौका)।
“हम चाहते हैं कि योग्य कर्मचारी जल्द से जल्द आवेदन करें ताकि एक पारदर्शी और सटीक सर्वे के जरिए पंजाब की प्रगति का नया खाका तैयार किया जा सके”—-संदीप मल्होत्रा, एडीसी (डी)
न्यूज़: 31-3
फोटो कैप्शन: फरीदकोट में मीटिंग के दौरान जानकारी देते एडीसी संदीप मल्होत्रा।


